रविवार, 26 अप्रैल 2026

साधो-माधो-बतकही

                                                    बिहार में कहीं...

साधो-माधो-बतकही


साधो  ! 


हाँ, माधो  ! 


हम क्या बोल रहे हैं, कोई सुनता ही नहीं है। देखता भी नहीं है। क्या करें ? 


अरे कुछ मत करो । अपना ही आँख कान बंद कर लो। 


उ तो ठीक है। लेकिन हमारा मुँह भी तो  है । 


तो बोलो। बोल के देखिए लो। 


बोलने का नहीं बोल रहे हैं। मुँह बनता भी जाता है। 


😀☺😇🙂  ई सब का बात कर रहे हो? 


हाँ, मने नहीं... । ऐसे में तो कुछ का कुछ हो जाए। 


मने?  अरे, EOD ( End of Day) हुआ, सब खत्तम  ! पब्लिक को ड्यूटी निभाने से रोकना दंडनीय अपराध है। 


लेकिन हमारा भी तो अधिकार है कुछ, कि नहीं  ? 


सर्कुलर दिखाओ !! 




 

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